देशी गौ वंश प्रजाती

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१. साहीवाल प्रजाति : पंजाब-साहीवाल भारतकी सर्वश्रेष्ठ प्रजाति है । इस प्रजातिकी गायें अफगानिस्तानकी गायोंसे मिलती-जुलती हैं । यह प्रजाति गीर प्रजातिके वर्णसंकरसे बनी है । इस प्रजातिकी गायें मुख्यत: अधिक दूध देनेवाली होती हैं । अच्छी देखभाल करनेपर ये कहीं भी रह सकती हैं ।२. हरियाणवी प्रजाति : हरियाणा-हरियाणवी प्रजातिकी गायें सर्वांगी कहलाती हैं […]

हिन्दी लोकोक्तियों में गाय

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हिन्दी लोकोक्तियों में गाय भाषा और संस्कृति समाज का प्रतिबिम्ब है। इसके अध्ययन से सामाजिक संरचना का आभास लगाया जा सकता है। दरअसल, संस्कृति के विकास को ही भाषा दर्शाती है तथा इसके परिवर्तन को सही दिशा संस्कृति से मिलती है। भिन्न-भिन्न प्रतीकों के माध्यम से संस्कृति के सभी तथ्यों को भाषा अपनी विशिष्ट शैली […]

गोवंश संवर्धन से बचेगी देश की संस्कृति

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गाय को लेकर हमारे समाज में एक बड़ा विरोधाभास है। एक ओर हम गाय को माता का स्थान देते हैं। हमारी श्रद्धा हमारे प्रत्येक कर्म के साथ दिखाई पड़ती है। खाना प्रारम्भ करने से पहले गो-ग्रास निकाल कर अलग रख दिया जाता है।प्राचीन भारतीय परम्परा और गोमाता-  गाय में 33 करोड़ देवताओं के वास की बात कही […]

हिन्दू संस्कृति में गौमाता

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गाय निर्बल दीन हीन जीवों का प्रतिनिधित्व करती है, सरलता, शुद्धता, और सात्विकता की मूर्ति है। गौ माता की पीठ में ब्रह्मा, गले में विष्णु और मुख में रुद्र निवास करते हैं, मध्य भाग में सभी देवगण और रोम रोम में सभी ‘महर्षि’ बसते हैं। श्रीकृष्ण को हम गोपाल कृष्ण, गोविंद कहते हैं। गाय पृथ्वी, […]